हिसार हवाई अड्डे का नाम ‘महाराजा अग्रसेन हवाई अड्डा’ रखे जाने पर सहमति

चंडीगढ़. हरियाणा के हिसार स्थित हवाई अड्डे का नाम बदलकर अब ‘महाराजा अग्रसेन हवाई अड्डा’ किया जाएगा ।

   हरियाणा विधानसभा सत्र में सर्वसम्मति से प्रस्ताव पास करके केंद्र सरकार को भेजने पर सहमति बनी । उप मुख्यमंत्री दुष्यंत चौटाला ने आज प्रश्नकाल समाप्त होने पर विधानसभा में प्रस्ताव प्रस्तुत किया कि हिसार स्थित हवाई अड्डे का नाम ‘महाराजा अग्रसेन हवाई अड्डा रखने के लिए भारत सरकार के नागरिक विमानन मंत्रालय को हरियाणा सरकार की ओर से आग्रह किया जाए। उपमुख्यमंत्री के इस प्रस्ताव का सत्ता पक्ष के साथ-साथ विपक्ष के सदस्यों ने भी सर्वसम्मति से समर्थन किया।

दुष्यंत चौटाला ने बताया कि अब विधानसभा से प्रस्ताव पास होने के बाद नागरिक विमानन मंत्रालय को हिसार हवाई अड्डे का नाम महाराजा अग्रसेन हवाई अड्डे रखने का आग्रह किया जाएगा।

  प्रश्नकाल के दौरान मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर ने कहा कि नारनौंद विधानसभा के गांव बाड़ला के रामफल पुत्र लखन लाल के निधन पर उसके परिवार के किसी आश्रित को आउटसोर्सिंग पर नौकरी दे दी जाएगी। यदि आश्रित के परिवार की इच्छा होगी तो सरकार द्वारा बनाए गए कौशल विकास रोजगार निगम के तहत नौकरी दी जाएगी।

   मुख्यमंत्री सत्र के तीसरे दिन आज प्रश्नकाल के दौरान विधायक रामकुमार गौतम के एक सवाल का जवाब दे रहे थे।

 हरियाणा के शहरी स्थानीय निकाय मंत्री अनिल विज ने कहा कि नगर पालिका पटौदी, नगर पालिका हेलीमण्डी तथा छः गांवों नामतः रामपुर , मिल्कपुर , छावन , नरहेड़ा , जनौला व मिर्जापुर को सम्मिलित करके नगर परिषद का गठन करने के लिए गत 13 दिसंबर, 2021 को उपायुक्त, गुरुग्राम से प्रस्ताव सिफारिश सरकार को प्राप्त हुई है, जो विचाराधीन निरीक्षणाधीन है और समय अनुसार उचित निर्णय ले लिया जायेगा।

 अनिल विज ने कहा कि किसी भी स्थान का नाम बदलने के लिए वहां की नगर पालिका व नगर परिषद द्वारा प्रस्ताव दिया जाता है और उसके बाद सरकार नाम बदलने पर विचार करती है। उन्होंने कहा कि इस क्षेत्र की वर्तमान आबादी 67,720 बनती है, जो नगर परिषद का गठन करने के लिए आवश्यक जनसंख्या के मापदण्ड को पूर्ण करती है ।

   बिजली मुद्दे पर नोकझोंक के दौरान मुख्यमंत्री ने हस्तक्षेप करते हुये कहा कि जनता को बिजली की कमी नहीं आने दी जाएगी। आपातकालीन स्थिति से निपटने के लिए पहले भी बाजार भाव पर बिजली ली जाती है। प्रदेश में बिजली संकट न हो इसके लिए बिजली जिस रेट पर मिलेगी, उस रेट पर खरीद कर मुहैया करवाई गई। सरकार प्रदेश की जनता को कोई परेशानी नहीं आने देगी, बिजली की आपूर्ति निर्बाध रूप से जारी रहेगी। 

स्टेडियम बनाये जाने के मुुद्दे पर पूछे गये एक सवाल के जवाब में मुख्यमंत्री ने कहा कि खेल विभाग की तरफ से पूरे हरियाणा की मैपिंग करवाई जा रही है कि कहां-कहां स्टेडियम है और कहां स्टेडियम की जरुरत है। भविष्य में किसी की डिमांड पर स्टेडियम नहीं बनाएं जाएंगे बल्कि उस क्षेत्र की जरूरत के हिसाब से स्टेडियम का निर्माण होगा। यदि उस क्षेत्र के आसपास स्टेडियम नहीं होगा तो वहां स्टेडियम का निर्माण किया जाएगा।

 उन्होंने बताया कि खेल विभाग ने पहले से बने हुए स्टेडियम के रखरखाव के लिए साढ़े 12 करोड़ रुपये का बजट जारी किया है। भविष्य में इस बजट को और बढ़ाया जाएगा। भविष्य में जिस क्षेत्र के आसपास कोई स्टेडियम नहीं होगा, वहां स्टेडियम का निर्माण किया जाएगा।

Related Articles

Back to top button
E-Paper