स्वामी परमहंस आश्रम में हुई गोवर्धन पूजा, लगा 56 व्यंजनों का भोग

अमेठी। दीपावली त्योहार के दूसरे दिन गोवर्धन पूजा की परंपरा है। रविवार को स्वामी परमहंस आश्रम में वैदिक मंत्रोच्चार के बीच गोवर्धन पूजा विधि विधान से किया गया। पूजा सम्पन्न होने के बाद भोग के लिए बनवाये गए 56 प्रकार के व्यंजन का प्रसाद भी श्रद्धालुओं में वितरित किया गया।

पौराणिक परंपराओं के अनुसार रविवार को स्वामी परमहंस आश्रम में वैदिक मंत्रोच्चार के बीच गोवर्धन पूजा संपन्न हुई। आश्रम के प्रबंधक स्वामी हरिचैतन्य ब्रह्मचारी जी महाराज ने वैदिक मंत्रोच्चार से गोवर्धन की पूजा की। भगवान श्रीकृष्ण को 56 प्रकार के व्यंजन का भोग लगाकर श्रद्धालुओं में प्रसाद का वितरण किया।

ब्रह्मचारी जी ने बताया कि कार्तिक शुक्ल प्रतिपदा तिथि को गोवर्धन पर्वत की पूजा की जाती है। इसी दिन देवताओं के राजा इंद्र के क्रोध से गोकुलवासियों को बचाने के लिए भगवान श्री कृष्ण ने गोवर्धन पर्वत को अपनी उंगली पर उठा लिया था। इससे गोकुलवासियों की रक्षा हुई और इंद्र का घमंड चूर कर दिया।

गोकुलवासियों ने प्रसन्न होकर गोवर्धन पर्वत की पूजा की और भगवान श्रीकृष्ण को 56 प्रकार के व्यंजन का भोग लगाया। तभी से यह परंपरा चली आ रही है और दीपावली के दूसरे दिन ही गोवर्धन की पूजा की जाती है।

Related Articles

Back to top button
E-Paper