अब दिव्यांगजनों को मिलेगी राष्ट्रीय पहचान और आत्मसम्मान, दिया जाएगा यूडीआईडी कार्ड

बेगूसराय। दिव्यांगजनों को अब अपना दिव्यांगता प्रमाण पत्र बनवाने के लिए कार्यालयों का चक्कर नहीं लगाना पड़ेगा। पहचान के साथ उनके आत्मसम्मान, स्वाबलंबन तथा कल्याणकारी योजनाओं तक पहुंच सुलभ बनाने के लिए राष्ट्रीय विशिष्ट पहचान पत्र (यूडीआईडी) उपलब्ध कराने की प्रक्रिया काफी तेज हो गई है।

यूडीआईडी

समाज कल्याण विभाग के दिव्यांगजन सशक्तिकरण निदेशालय के निर्देश के आलोक में शत-प्रतिशत दिव्यांगजनों को यूनिक डिजेबिलिटी आईडेंटिटी (यूडीआईडी) कार्ड की उपलब्धता सुनिश्चित करने के उद्देश्य से एक से 20 फरवरी तक सभी प्रखंडों में विशेष अभियान शिविर का आयोजन किया जाएगा।

मध्‍य प्रदेश : राज्‍य के 20 लाख किसानों को आज मुख्यमंत्री देंगे 400 करोड़ की सम्मान निधि

शिविर के दौरान पूर्व से निर्गत ऑफलाइन दिव्यांगता प्रमाणपत्रों को ऑनलाइन सत्यापित करते हुए सिविल सर्जन द्वारा यूडीआईडी कार्ड बनाने की प्रक्रिया पूरी की जाएगी। समाज कल्याण विभाग एवं स्वास्थ्य विभाग द्वारा निर्गत संयुक्त आदेश के अनुसार एक अप्रैल 2021 से कोई भी नया अथवा डुप्लीकेट दिव्यांगता प्रमाणपत्र ऑफलाइन निर्गत नहीं किए जाएंगे। इसलिए दिनांक एक अप्रैल तक अभियान चलाकर पुराने दिव्यांगता प्रमाणपत्र का भी ऑनलाइन सत्यापन करते हुए यूडीआईडी कार्ड निर्गत किए जाएंगे।पूर्व से निर्गत ऑफलाइन दिव्यांगता प्रमाणपत्रों का शत-प्रतिशत ऑनलाइन सत्यापन करते हुए दिव्यांगजनों के लिए यूडीआईडी कार्ड बनाने की प्रक्रिया किए जाएंगे।

जिला सामाजिक सुरक्षा-सह-दिव्यांगजन सशक्तिकरण कोषांग बेगूसराय के सहायक निदेशक भुवन कुमार ने बताया कि विभागीय निर्देश के आलोक में आयोजित विशेष अभियान के लिए प्रखंड स्तर पर प्रखंड विकास पदाधिकारी नोडल पदाधिकारी होंगे तथा प्रखंड कार्यालय या प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर उपलब्ध व्यवस्थाओं के अनुसार दिव्यांगजनों को अपना दस्तावेज जमा करना होगा। दिव्यांगता प्रमाणपत्र के सत्यापन के लिए दिव्यांगजनों को विहित प्रपत्र में विवरणी एवं आवश्यक दस्तावेजों दिव्यांगता प्रमाणपत्र की छायाप्रति, फोटो (पासपोर्ट साइज), आधार कार्ड की छायाप्रति, आवासीय प्रमाणपत्र की छायाप्रति प्राप्त लाना आवश्यक होगा। इस अवधि के दौरान सभी प्रखंड कार्यालय, बुनियाद केंद्रों एवंं सिविल सर्जन कार्यालय में भी दिव्यांगजनों द्वारा दस्तावेज जमा किया जा सकता है।

डीएम द्वारा आदेश जारी कर विहित प्रपत्र पर्याप्त संख्या में सभी प्रखंडों को उपलब्ध कराने का निर्देश दिया गया है। दिव्यांगजन उक्त प्रपत्र की प्रति यूडीआईडी पोर्टल www.swavlambancard.gov.in से प्राप्त भी प्राप्त कर आवेदन कर सकते हैं। प्रखंड में प्राप्त आवेदनों का जिला दिव्यांगजन सशक्तिकरण कोषांग द्वारा आवश्यक कार्रवाई करने के बाद सिविल सर्जन कार्यालय द्वारा कार्ड बनाने की प्रक्रिया दो दिन में पूरी की जाएगी। यूडीआईडी पोर्टल पर अपलोड करते हुए ऑनलाइन निबंधन किए जाने के लिए प्रति लाभार्थी शुल्क दस रुपया निर्धारित है तथा कॉमन सर्विस सेंटर के माध्यम से भी निबंधन कार्य निर्धारित शुल्क पर कराए जा सकते हैं।

Related Articles

Back to top button
E-Paper