यूपी पंचायत चुनाव: न प्रचार पर खर्च…न मतदान, गांववालों ने चुना निर्विरोध प्रधान

यूपी के आगरा जिले में त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव के मतदान से पहले गांव पड़कौली (बाह तहसील) ने गांव के शिक्षित युवक शैलेंद्र सिंह भदौरिया (32) को निर्विरोध प्रधान चुन लिया है। पंचायत के फैसले के सम्मान में प्रधान पद के लिए नामांकन करने वाले सियाराम, गुड्डी देवी और अमित ने अपना नामांकन वापस ले लिया। उधर, पिनाहट के गांव सबोरा में तीन प्रत्याशियों के नामांकन वापस ले लेने से गांव के अभिषेक उर्फ मोनू शर्मा को निर्विरोध प्रधान घोषित कर दिया गया।

मंगलवार को गांव पड़कौली में पंचायत हुई थी। इसमें चुनाव प्रचार की फिजूलखर्ची पर चर्चा हुई। बुधवार की सुबह सर्व समाज के लोग फिर पंचायत में जुटे और स्नातक शैलेंद्र सिंह भदौरिया को प्रधान, मुकेश भदौरिया को क्षेत्र पंचायत सदस्य चुने जाने पर आम सहमति बनाई। पंचायत के फैसले के बाद बुधवार को शैलेंद्र सिंह भदौरिया के सामने खड़े अन्य प्रत्याशियों ने पर्चा वापस लिया। इसके बाद शैलेंद्र सिंह भदौरिया को निर्विरोध प्रधान घोषित कर दिया गया। 

बिना भेदभाव होगा गांव का विकास: शैलेंद्र

पंचायत में प्रधान बनाए जाने के फैसले पर शैलेंद्र सिंह भदौरिया ने कहा कि पंचायत के भरोसे पर खरा उतरने की पूरी कोशिश होगी। बिना भेदभाव के गांव का विकास कराया जाएगा। पंचायत के विश्वास को गांव के विकास में बदल कर दिखाना है। इसी तरह पंचायत ने गांव में क्षेत्र पंचायत सदस्य पद पर मुकेश भदौरिया को चुना, तो उनके पक्ष में रामवीर ने अपना नामांकन वापस लिया।  

सबोरा गांव के मोनू शर्मा भी निर्विरोध प्रधान बने

पिनाहट के सबोरा गांव में तीन प्रत्याशियों के नामांकन वापस ले लेने से गांव के अभिषेक उर्फ मोनू शर्मा को निर्विरोध प्रधान घोषित कर दिया गया है। ब्लॉक की ग्राम पंचायत सबोरा से अभिषेक उर्फ मोनू, संतोष कुशवाह, मुनीदत्त शर्मा और जसवंत ने प्रधान पद के लिए नामांकन दाखिल किया था। 

पंचायत के बाद बुधवार को तीन प्रत्याशी संतोष कुशवाह, मुनीदत्त शर्मा व जसवंत ने अपना नामांकन वापस ले लिया। इसके बाद मोनू शर्मा को निर्विरोध प्रधान चुन लिया गया। पिनाहट के खंड विकास अधिकारी सुमंत यादव ने बताया कि मोनू शर्मा को निर्विरोध प्रधान घोषित कर दिया गया है। प्रमाणपत्र के लिए उच्चाधिकारियों से बात की जाएगी। 

बता दें कि जिले में मतदान से पहले दो प्रधान और 83 बीडीसी (क्षेत्र पंचायत सदस्य) समेत 6526 उम्मीदवार निर्विरोध चुन लिए गए हैं। अब पंचायत चुनाव के 2410 पदों के लिए 10873 उम्मीदवार रह गए हैं। इनकी किस्मत का फैसला 15 अप्रैल को मतपत्रों से होगा। वहीं ग्राम पंचायत सदस्य के 2242 पद खाली रह गए। इन पदों के लिए किसी ने नामांकन ही दाखिल नहीं किया है।

Related Articles

Back to top button
E-Paper