
उत्तर प्रदेश में 2027 के विधानसभा चुनाव से पहले सियासी बयानबाजी तेज हो गई है। गोरखपुर में ‘लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ’ पदयात्रा के दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कांग्रेस और समाजवादी पार्टी पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस और सपा का उद्देश्य भारत और संविधान को कटघरे में खड़ा करना है। सीएम योगी ने कहा कि जिन संवैधानिक संस्थाओं के आधार पर देश का लोकतंत्र टिका है, उन्हें कमजोर करने की किसी भी कोशिश को स्वीकार नहीं किया जा सकता।
इस दौरान मुख्यमंत्री ने सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव को भी निशाने पर लिया। उन्होंने कहा कि अखिलेश यादव को लोकतंत्र का अर्थ समझना चाहिए। लोकतंत्र में बदला नहीं, बल्कि जनता बदलाव करती है। जनता ने 2014 में देश में और 2017 में उत्तर प्रदेश में सत्ता परिवर्तन करके यह साबित किया था।
2017 और 2022 के चुनाव का भी किया जिक्र
सीएम योगी ने उत्तर प्रदेश के विधानसभा चुनावों का जिक्र करते हुए कहा कि 2017 और 2022 के चुनाव में समाजवादी पार्टी और कांग्रेस मिलकर भी उतनी सीटें नहीं जीत पाईं, जितनी बीजेपी ने अकेले 2022 में हासिल की थीं। उन्होंने कहा कि बीजेपी ने 2022 के विधानसभा चुनाव में 255 सीटों पर जीत दर्ज की थी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि चुनाव में किसे जिताना है और किसे हराना है, इसका फैसला जनता करती है। किसी राजनीतिक दल या नेता को यह नहीं समझना चाहिए कि सत्ता पर उसका अधिकार स्थायी है।
कांग्रेस की हार गिनाकर विपक्ष पर साधा निशाना
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कांग्रेस की चुनावी हार का जिक्र करते हुए राजस्थान, मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ के 2023 विधानसभा चुनावों का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि इन राज्यों में कांग्रेस को हार का सामना करना पड़ा। इसके अलावा महाराष्ट्र में भी कांग्रेस और INDIA गठबंधन को हार मिली।
सीएम योगी ने दिल्ली और बिहार की राजनीति का जिक्र करते हुए कहा कि 2025 में दिल्ली में बीजेपी की सरकार बनी और बिहार में भी बीजेपी के नेतृत्व में सरकार बनी।
राहुल गांधी पर कसा तंज, पूछा- कितनी बार करेंगे लॉन्च?
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी पर भी निशाना साधा। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि राहुल गांधी की स्थिति देखकर कभी-कभी आश्चर्य होता है कि कांग्रेस उन्हें कितनी बार लॉन्च करेगी।
सीएम योगी ने आरोप लगाया कि कांग्रेस अपनी राजनीतिक असफलताओं की जिम्मेदारी लेने के बजाय लगातार नए बहाने तलाशती रहती है। गोरखपुर में अपने संबोधन के दौरान मुख्यमंत्री ने विपक्षी दलों पर संवैधानिक संस्थाओं को लेकर राजनीति करने का भी आरोप लगाया।



