“महाकुंभ 2025 के लिए प्रयागराज में 30 पांटून पुलों का निर्माण तेज़ी से जारी है। पीएम मोदी के 13 दिसंबर को आगमन से पहले 19 पुल क्रियाशील करने का लक्ष्य। ये पुल श्रद्धालुओं की सुविधा और सुरक्षा सुनिश्चित करेंगे।”
प्रयागराज। प्रयागराज में 2025 में आयोजित होने वाले महाकुंभ की तैयारियां अपने चरम पर हैं। श्रद्धालुओं के सुगम आवागमन और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए कुल 30 पांटून पुलों का निर्माण किया जा रहा है। यह अब तक की सबसे बड़ी संख्या है। इन पुलों को 5 टन तक का भार सहने के लिए डिज़ाइन किया गया है।
पीडब्ल्यूडी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 13 दिसंबर को प्रस्तावित दौरे से पहले 19 पुलों को क्रियाशील करने का लक्ष्य रखा है। वर्तमान में 5 पुल यातायात के लिए खोल दिए गए हैं, और 3 दिसंबर तक 9 पुल पूरी तरह सक्रिय कर दिए जाएंगे। बाकी 11 पुलों पर कार्य तेज़ी से जारी है।
श्रद्धालुओं के लिए सुविधा और सुरक्षा
इन पुलों का मुख्य उद्देश्य झूसी क्षेत्र में बने अखाड़ों को परेड क्षेत्र से जोड़ना है। साथ ही ये स्थानीय लोगों, साधु-संतों और प्रशासनिक कार्यों के लिए भी अत्यधिक महत्वपूर्ण होंगे। पुल निर्माण में गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए कठोर परीक्षण किए जा रहे हैं।
कार्य की समयसीमा
पीडब्ल्यूडी के अधिकारियों ने बताया कि 10 दिसंबर तक 19 पुलों का निर्माण कार्य पूरा हो जाएगा। शेष 11 पुलों को जनवरी तक तैयार करने की योजना है।
महाकुंभ में आने वाले करोड़ों श्रद्धालुओं के लिए ये पुल यात्रा को सरल और सुगम बनाएंगे, साथ ही आयोजन स्थल के विभिन्न क्षेत्रों को जोड़ने में सहायक होंगे।
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विशेष संवाददाता – मनोज शुक्ल