“पावर कॉरपोरेशन ने साफ किया है कि पूर्वांचल और दक्षिणांचल डिस्कॉम को PPP मॉडल में बदलने के बाद बनने वाली पांच कंपनियों के चेयरमैन मुख्य सचिव होंगे। बिडिंग प्रक्रिया पारदर्शी होगी, और जमीन का स्वामित्व पावर कॉरपोरेशन और प्रदेश सरकार के पास रहेगा।”
लखनऊ। यूपी पावर कॉरपोरेशन ने एक अहम निर्णय लिया है कि पूर्वांचल और दक्षिणांचल डिस्कॉम को पब्लिक-प्राइवेट पार्टनरशिप (PPP) मॉडल में ले जाने के बाद बनने वाली पांच कंपनियों के चेयरमैन मुख्य सचिव होंगे।
नई कंपनियों के लिए पारदर्शी बिडिंग प्रक्रिया
पावर कॉरपोरेशन ने यह भी स्पष्ट किया है कि इन नई कंपनियों के लिए बिडिंग प्रक्रिया ओपन, पारदर्शी और प्रतिस्पर्धात्मक होगी, जिससे समुचित और निष्पक्ष चयन प्रक्रिया सुनिश्चित की जाएगी।
स्वामित्व और कर्मचारी समायोजन
नई कंपनियों को जमीनों का स्वामित्व नहीं दिया जाएगा। जमीन का स्वामित्व पावर कॉरपोरेशन और प्रदेश सरकार के पास ही रहेगा। वर्तमान में कर्मचारियों और इंजीनियरों से इस बारे में बातचीत चल रही है, और स्थानीय स्तर पर वरिष्ठ अधिकारी विभिन्न संगठनों और संविदा कर्मचारियों के साथ चर्चा कर रहे हैं।
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