“प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को कुवैत दौरे के दूसरे दिन भव्य ‘गार्ड ऑफ ऑनर’ के साथ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को कुवैत के अमीर शेख मेशल अल-अहमद अल-जबर अल सबा से सर्वोच्च नागरिक सम्मान ‘द ऑर्डर ऑफ मुबारक द ग्रेट’ भी दिया गया। पीएम मोदी ने कुवैत के अमीर शेख मेशाल अल-अहमद अल-सबा के साथ कूटनीतिक और रणनीतिक मुद्दों पर चर्चा की। जानें इस महत्वपूर्ण बैठक के मुख्य पहलू।”
कुवैत। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने ऐतिहासिक कुवैत दौरे के दूसरे और अंतिम दिन कई महत्वपूर्ण कार्यक्रमों में हिस्सा लिया। कुवैत के बयान पैलेस (शाही महल) में पीएम मोदी को औपचारिक ‘गार्ड ऑफ ऑनर’ देकर सम्मानित किया गया। इसके साथ ही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को कुवैत के अमीर शेख मेशल अल-अहमद अल-जबर अल सबा से सर्वोच्च नागरिक सम्मान ‘द ऑर्डर ऑफ मुबारक द ग्रेट’ प्राप्त हुआ। इस अवसर पर कुवैत के अमीर शेख मेशाल अल-अहमद अल-जबर अल-सबा स्वयं मौजूद थे।
भारत-कुवैत संबंधों पर चर्चा:
कुवैत के अमीर और प्रधानमंत्री मोदी के बीच हुई बैठक में कई कूटनीतिक और रणनीतिक मुद्दों पर चर्चा हुई। दोनों नेताओं ने भारत और कुवैत के बीच ऐतिहासिक संबंधों को नई ऊंचाई देने की प्रतिबद्धता जताई। इस बातचीत का मुख्य फोकस निम्नलिखित क्षेत्रों पर रहा:
- आर्थिक सहयोग: भारत और कुवैत ने द्विपक्षीय व्यापार को बढ़ाने और आर्थिक सहयोग के नए अवसरों की तलाश करने पर जोर दिया। कुवैत, भारत के लिए खाड़ी क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण आर्थिक भागीदार है।
- ऊर्जा साझेदारी: कुवैत, भारत के लिए तेल और गैस का प्रमुख आपूर्तिकर्ता है। ऊर्जा सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए दोनों देशों ने दीर्घकालिक समझौतों पर विचार किया।
- रक्षा सहयोग: भारत और कुवैत के बीच सुरक्षा और रक्षा सहयोग को और मजबूत करने की दिशा में कदम उठाने की सहमति बनी।
- सांस्कृतिक आदान-प्रदान: भारत और कुवैत के ऐतिहासिक सांस्कृतिक संबंधों को और प्रगाढ़ बनाने के लिए नई योजनाओं पर सहमति हुई।
भारतीय समुदाय की भूमिका पर चर्चा:
कुवैत में लगभग 10 लाख भारतीय प्रवासी रहते हैं, जो दोनों देशों के संबंधों की नींव को और मजबूत करते हैं। बैठक के दौरान, पीएम मोदी ने भारतीय समुदाय के योगदान की सराहना की और उन्हें भारत और कुवैत के बीच एक सेतु के रूप में मान्यता दी। कुवैती नेताओं ने भी भारतीयों की मेहनत और कौशल की तारीफ की।
गार्ड ऑफ ऑनर और स्वागत समारोह:
कुवैत के शाही महल में पीएम मोदी का स्वागत बेहद भव्य और गरिमामय तरीके से किया गया। उन्हें कुवैत की सेना द्वारा ‘गार्ड ऑफ ऑनर’ दिया गया, जो उनकी कूटनीतिक यात्रा का एक अहम हिस्सा रहा। इस दौरान दोनों देशों के प्रतिनिधिमंडल भी मौजूद रहे।
दौरे का महत्व:
पीएम मोदी का यह दौरा भारत और खाड़ी देशों के बीच संबंधों को प्रगाढ़ बनाने की दिशा में एक अहम कदम है। यह न केवल द्विपक्षीय मुद्दों को सुलझाने में मददगार साबित होगा, बल्कि वैश्विक स्तर पर भारत की रणनीतिक स्थिति को भी मजबूती देगा।
दौरे का समापन:
कुवैत में अपने कार्यक्रमों को सफलतापूर्वक पूरा करने के बाद पीएम मोदी भारत के लिए रवाना हो गए। इस यात्रा को दोनों देशों के संबंधों के लिए एक ऐतिहासिक मील का पत्थर माना जा रहा है।
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विशेष संवाददाता – मनोज शुक्ल