“दिल्ली-NCR में वायु गुणवत्ता बेहद खराब स्थिति में पहुंच गई है। GRAP-4 नियम लागू हो चुका है। जानें कौन-कौन से कार्यों पर रोक लगी है और किसे छूट दी गई है।”
नई दिल्ली। दिल्ली-NCR में वायु प्रदूषण एक बार फिर से खतरनाक स्तर पर पहुंच गया है। वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) रविवार को ‘बेहद खराब’ श्रेणी में दर्ज किया गया। इस स्थिति से निपटने के लिए सरकार ने ग्रेडेड रिस्पॉन्स एक्शन प्लान (GRAP-4) लागू कर दिया है। ये नियम सोमवार सुबह 8 बजे से प्रभावी होंगे।
GRAP-4 के तहत लागू पाबंदियां
- निर्माण और तोड़-फोड़ कार्यों पर पूर्ण प्रतिबंध: निर्माण स्थलों से उठने वाली धूल व प्रदूषण पर रोक लगाई गई है।
- ट्रकों के प्रवेश पर रोक: आवश्यक सामान लाने वाले ट्रकों को छोड़कर अन्य सभी ट्रकों के दिल्ली में प्रवेश पर पाबंदी होगी।
- ट्रकों को छूट: केवल LNG, CNG, इलेक्ट्रिक ट्रकों और BS-VI मानकों वाले डीजल ट्रकों को प्रवेश की अनुमति दी गई है।
- औद्योगिक गतिविधियां बंद: गैर-जरूरी औद्योगिक गतिविधियों पर रोक।
- वाहनों की सख्त जांच: प्रदूषण फैलाने वाले वाहनों के खिलाफ अभियान तेज किया जाएगा।


प्रदूषण के आंकड़े
सिस्टम ऑफ एयर क्वालिटी एंड वेदर फोरकास्टिंग एंड रिसर्च (SAFAR) के मुताबिक, दिल्ली का औसत AQI 450 के आसपास है, जो ‘गंभीर’ श्रेणी में आता है। नोएडा, गाजियाबाद, और गुरुग्राम जैसे NCR के अन्य शहरों में भी स्थिति गंभीर है।
प्रदूषण का असर और सुझाव
स्वास्थ्य पर प्रभाव: प्रदूषण का स्तर बढ़ने से सांस संबंधी बीमारियों, अस्थमा, और हृदय रोगों के मामलों में वृद्धि हो रही है।
सुझाव:
- घर से बाहर निकलते समय मास्क का उपयोग करें।
- अधिक से अधिक समय घर के अंदर बिताएं।
- एयर प्यूरीफायर का उपयोग करें।
- सरकार और नागरिकों से अपील
प्रदूषण की इस गंभीर स्थिति से निपटने के लिए सरकार और आम जनता को मिलकर प्रयास करना होगा। दिल्ली सरकार ने वाहनों के प्रदूषण स्तर को कम करने के लिए सख्त कदम उठाने का आश्वासन दिया है।
ताज़ा घटनाक्रम
इससे पहले GRAP-4 नियम 2022 में भी लागू किए गए थे, जब प्रदूषण का स्तर इसी तरह बढ़ा था। इस बार सरकार ने ज्यादा सख्त कदम उठाने की योजना बनाई है।
देश-दुनिया से जुड़ी खबरों के लिए विश्ववार्ता के साथ बने रहें।
विशेष संवाददाता -मनोज शुक्ल